akbar aur birbal short story in hindi

short story in hindi with moral for kids (Akbar Aur Birbal) – मनुष्य या भगवान किसकी चीज़ अच्छी

moral story

मनुष्य या भगवान किसकी चीज़ अच्छी

(Akbar Aur Birbal short story in hindi)

एक बार की बात है अकबर ने पूरे दरबार में दरबारियों से पूछा :- आप सभी को यह साबित करना है कि मनुष्य के द्वारा बनाई गयी वस्तु अच्छी होती है या भगवान के द्वारा बनाई गयी. (short story in hindi)

अकबर की ये बात सुन दरबार में बैठे सभी दरबारी बीरबल की ओर देखने लग जाते है.

बीरबल बोले :- महाराज,क्या मैं यह साबित कर सकता हु.

अकबर बोले :- हां बिल्कुल!

बीरबल :- महाराज ! मनुष्य द्वारा बनाई गई.

akbar aur birbal short story in hindi

इतना कह कर बीरबल उठकर दरबार से बाहर चले जाते है उन्हें जाता देख सभी दरबारी काना-फूसी करना शुरू कर देते है. अकबर भी बीरबल के वापस आने का इंतज़ार करने लगते है कि

तभी एक कारीगार अपने हाथो में पत्थर का बना एक बहुत सुंदर फूलदान लेकर दरबार में आया और

फूलदान अकबर को देकर जाने लगता है.

अकबर ने उस फूलदान को अपने हाथो में ले लिया

और उस कारीगार की तारीफ करते हुए उसे अपने शाही खजाने में से 1000 स्वर्ण मुद्राए इनाम में दी.

वो कारीगार अपना इनाम लेकर ख़ुशी ख़ुशी दरबार से चला गया.

तभी बादशाह अकबर के बगीचे का माली भी एक बहुत सुंदर गुलदस्ता लेकर आया.

बादशाह अकबर ने उस माली की भी तारीफ़ कर और अपने मंत्री को आदेश दिया कि

उस माली को भी इनाम में 500 चाँदी की मुद्राए दी जाये.

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बादशाह अकबर के इतना कहते ही बीरबल दरबार में पहुच गए.

बीरबल के दरबार में आते ही अकबर ने बीरबल से उनके बाहर जाने का कारण पूछा तो बीरबल ने उत्तर दिया कि महाराज!

अभी अभी जो दो व्यक्ति यहाँ आए थे उनको भेजने के लिए ही मै यहाँ से गया था.

बीरबल ने बादशाह से कहा :- महाराज आपने उन व्यक्तियों के साथ ये कैसा न्याय किया?

एक को 1000 स्वर्ण मुद्राए जबकि दूसरे को केवल 500 चाँदी की मुद्राए इनाम में दी.

बीरबल की बात सुनकर अकबर ने उत्तर दिया :-

बीरबल असली फूलो का गुलदस्ता को दो-तीन दिन ही में ख़राब हो जायेगा लेकिन ये पत्थर का बना गुलदस्ता कभी ख़राब नहीं होगा.

अकबर के इतना कहते ही बीरबल बोला :-

तो बादशाह अकबर आप भी मान गए कि मनुष्य के द्वारा बनाई गयी वस्तु क़ुदरत के द्वारा बनाई गयी बस्तु से अच्छी होती है.

बीरबल की इस चतुराई को देख अकबर खुश होकर बीरबल को उपहार स्वरुप हीरो का हार इनाम में दे देते है.

moral of the short story in Hindi:-  

दोस्तों, इस कहानी का उदेश्य यही था कि मनुष्य द्वारा बनी गयी वस्तु अत्याधिक कीमती होती है क्योकि उस वस्तु को बनाने में उस मनुष्य का परिश्रम और समय लगा होता है.

Source : Youtube

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